Header advertisement

बिजनौर: बाल भिक्षावृत्ति के खिलाफ विशेष जनजागरूकता अभियान शुरू

बिजनौर: बाल भिक्षावृत्ति के खिलाफ विशेष जनजागरूकता अभियान शुरू

बिजनौर। जिला मुख्यालयों, कस्बों, ट्रैफिक चौराहों, धार्मिक स्थलों और सार्वजनिक स्थानों पर 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों द्वारा भिक्षावृत्ति कराए जाने के खिलाफ महिला एवं बाल विकास विभाग ने “बाल भिक्षावृत्ति मुक्त बिजनौर” का संकल्प लेते हुए एक विशेष अभियान शुरू किया है। यह पूरा अभियान जिला प्रोबेशन अधिकारी विमल कुमार चौबे के निर्देशन में चलाया जा रहा है। कानून के तहत बच्चों से भीख मंगवाना किशोर न्याय अधिनियम, भारतीय न्याय संहिता और अन्य प्रासंगिक कानूनों के अंतर्गत एक गंभीर दंडनीय अपराध है।
इस अभियान के तहत जिले के प्रमुख धार्मिक स्थलों, बाजारों, ट्रैफिक सिग्नलों और पर्यटन स्थलों की पहचान कर गहन सर्वेक्षण किया जा रहा है। भिक्षावृत्ति में लिप्त पाए जाने वाले बच्चों का तुरंत बचाव करके उनकी चिकित्सा जांच, काउंसलिंग और पुनर्वास की व्यवस्था की जाएगी। इसके साथ ही इन बच्चों को शिक्षा, छात्रावास सुविधा और रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण जैसी विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ा जाएगा। बच्चों का शोषण कर उन्हें भिक्षावृत्ति में धकेलने वाले व्यक्तियों और गिरोहों के खिलाफ एफआईआर, गिरफ्तारी और सख्त कानूनी कार्रवाई के लिए जिला पुलिस के साथ प्रभावी समन्वय स्थापित किया गया है।
इस जनजागरूकता कार्यक्रम के दौरान एएचटीयू प्रभारी लखपत सिंह, बाल संरक्षण अधिकारी रूबी गुप्ता, चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक हिमांशु पाराशर, काउंसलर डैनी सिंह, सुपरवाइजर जय कुमार सहित विभाग के अन्य सदस्य मौजूद रहे। प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई बच्चा भिक्षावृत्ति में लिप्त या संकट में दिखाई दे, तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर सूचना देकर बच्चों का जीवन संवारने में अपनी सहभागिता निभाएं।

No Comments:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *